भाजपा डाल डाल तो कांग्रेस पात—पात: मोदी शाह के नेहले पर राहुल का देहला

मापिछले कुछ माह से देखा जा रहा है कि कांग्रेस और इंडिया ब्लाक मोदी सरकार पर तीखे हमले कर ​रहे हैं। चाहे वो देश की अर्थव्यवस्था का मामला हो नीट परीक्षा पेपर का मामला हो या देश में बेरोजगारी का, संसद हो या सड़कों पर कांग्रेस के सांसद और एलओपी राहुल गांधी, प्रियंका गांधी, अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे,अखिलेश यादव, आप सांसद संजय सिंह, ममता बनर्जी शिवसेना यूबीटी सांसद संजय राउत सबके सब ​लोकसभा और राज्यसभा में सरकार को विफलताओं और युवा विरोधी होने का दोषी करार दे रहे हैं। सीजेपी आंदोलन में भी सभी विपक्षी दलों ने युवाओं की समस्याओं बेरोजगारी को लेकर भरपूर समर्थन दिया। संसद मार्ग पर सीजेपी के आंदोलन प्रदर्शनकारियों पर बर्बर लाठीचार्ज, आंसू गैस के गोले, कील लगी लाठियो के समेत पैलेट गन का उपयोग किया गया। इस मुद्दे को लेकर इंडिया इंडिया ब्लाक के सभी सांसदों ने दिल्ली पुलिस पर सरकार की जवाबदेही मांगी। इतना ही राहुल गांधी ने लोकसभा में कहा कि जब तक होम मिनिस्टर और पीएम मोदी इस मामले पर सफाई नहीं देंगे। पांच दिन मानसून सत्र के बचे हैं लेकिन सरकार की ओर इसमामले में कोई सफाई नहीं ​दी गयी है। पीएम मोदी और शाह संसद में विपक्ष के सामने बयान देने से बच रहे हैं। शाह लोकसभा कार्यालय में रोज जाते है लेकिन सदन में सफाई देने से बच रहे हैं।

एनडीए और मोदी सरकार के मंत्री इंडिया ब्लाक को घेरने में जुटे

सरकार इस मामले में बैकफुट पर आ गयी है। सीजेपी और विपक्ष के आगे झुकी और शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा मांग लिया। लेकिन अब भाजपा और मोदी सरकार के मंत्री झारखंड में छात्रों के प्रदर्शन को लेकर कांग्रेस और जेएमएम सरकार को लेकर पूरे विपक्ष को घेरने की कोशिश में जुट गयी है। गोदी मीडिया भी विपक्ष के साथ सीजेपी को इस मामले में लपेट कर कह रही है कि छात्रों आड़ में विपक्षी राजनीतिक दल अपनी रोटियां सेंक रहे हैं। दूसरी ओर राहुल गांधी ने भाजपा और मोदी शाह की इस साजिश पर पानी फेर दिया है। भाजपा डाल डाल तो कांग्रेस पात—पात: मोदी शाह के नेहले पर राहुल का देहला

मापिछले कुछ माह से देखा जा रहा है कि कांग्रेस और इंडिया ब्लाक मोदी सरकार पर तीखे हमले कर ​रहे हैं। चाहे वो देश की अर्थव्यवस्था का मामला हो नीट परीक्षा पेपर का मामला हो या देश में बेरोजगारी का, संसद हो या सड़कों पर कांग्रेस के सांसद और एलओपी राहुल गांधी, प्रियंका गांधी, अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे,अखिलेश यादव, आप सांसद संजय सिंह, ममता बनर्जी शिवसेना यूबीटी सांसद संजय राउत सबके सब ​लोकसभा और राज्यसभा में सरकार को विफलताओं और युवा विरोधी होने का दोषी करार दे रहे हैं। सीजेपी आंदोलन में भी सभी विपक्षी दलों ने युवाओं की समस्याओं बेरोजगारी को लेकर भरपूर समर्थन दिया। संसद मार्ग पर सीजेपी के आंदोलन प्रदर्शनकारियों पर बर्बर लाठीचार्ज, आंसू गैस के गोले, कील लगी लाठियो के समेत पैलेट गन का उपयोग किया गया। इस मुद्दे को लेकर इंडिया इंडिया ब्लाक के सभी सांसदों ने दिल्ली पुलिस पर सरकार की जवाबदेही मांगी। इतना ही राहुल गांधी ने लोकसभा में कहा कि जब तक होम मिनिस्टर और पीएम मोदी इस मामले पर सफाई नहीं देंगे। पांच दिन मानसून सत्र के बचे हैं लेकिन सरकार की ओर इसमामले में कोई सफाई नहीं ​दी गयी है। पीएम मोदी और शाह संसद में विपक्ष के सामने बयान देने से बच रहे हैं। शाह लोकसभा कार्यालय में रोज जाते है लेकिन सदन में सफाई देने से बच रहे हैं।

एनडीए और मोदी सरकार के मंत्री इंडिया ब्लाक को घेरने में जुटे

सरकार इस मामले में बैकफुट पर आ गयी है। सीजेपी और विपक्ष के आगे झुकी और शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा मांग लिया। लेकिन अब भाजपा और मोदी सरकार के मंत्री झारखंड में छात्रों के प्रदर्शन को लेकर कांग्रेस और जेएमएम सरकार को लेकर पूरे विपक्ष को घेरने की कोशिश में जुट गयी है। गोदी मीडिया भी विपक्ष के साथ सीजेपी को इस मामले में लपेट कर कह रही है कि छात्रों आड़ में विपक्षी राजनीतिक दल अपनी रोटियां सेंक रहे हैं। कर्नाटक में भी छात्र और युवा अपनी मांगों के लिये आंदोलन प्रदर्शन कर रहे हैं। इस मुद्दे पर भाजपा और एनडीए समर्थक दल कांग्रेस की कर्नाटक सरकार को निशाने पर ले कर राहुल गांधी पर सवाल उठा रहे हैं कि इंडिया ब्लाक के दल झारखंड और कांग्रेस के मुद्दे पर छात्रों के साथ खड़े नहीं हो रहे क्यों कि वहां इंडिया ब्लाक की सरकार हैं।दूसरी ओर राहुल गांधी ने भाजपा और मोदी शाह की इस साजिश पर पानी फेर दिया है। राहुल गांधी ने सोशल मीडिया पर एक वीडियो डाल कर साफ कर दिया है चाहे जंतर मंतर हो या देश के किसी भी हिस्से में युवाओं के आंदोलन को वो पूरा समर्थन देंगे। वो और कांग्रेस का युवाओं के साथ खड़े रहने का वादा अडिग है। उन्होंने झारखंड सरकार के खिलाफ चल रहे आंदोलन में समर्थन देते हुए झारखंड सरकार को आंदोलन कर रहे छात्रों से बातचीत करने को कहा है। सीएम हेमंत सोरेन में आधा मंत्रियों की एक कमेटी बनायी है जो प्रदर्शनकारी छात्रों से मिलकर उनकी समस्याओं का निदान करने का मन बनाया है। इससे भाजपा की कांग्रेस को बदनाम करने की यह साजिश भी फेल होती दिख रही है। जो मीडिया दिल्ली के जंतर मंतर पर हो रहे सीजेपी के पदर्शन और आंदोलन को कवर नहीं कर रही थी झारखंड में वही गोदी मीडिया इस मंशा से पहुंच गयी कि प्रदेश सरकार के जरिये कांग्रेस को आड़े हाथ लिया जाये उनकी मंशा सफल होते नहीं दिख रही है।राहुल गांधी ने सोशल मीडिया पर एक वीडियो डाल कर साफ कर दिया है चाहे जंतर मंतर हो या देश के किसी भी हिस्से

पाठकों की राय

टिप्पणियां 0

सभ्य और विषय से जुड़ी भाषा का प्रयोग करें।