इलेक्ट्रिक कार बनाने वाली अमेरिका की कंपनी टेस्ला भारत आने की तैयारी में है। बीते जनवरी महीने में कंपनी ने कर्नाटक में अपना रजिस्ट्रेशन कराया था। अब टेस्ला ने भारत सरकार से इलेक्ट्रिक वाहन पर आयात शुल्क कम करने की भी मांग की है। इस बीच, खबर है कि भारत सरकार टेस्ला की मांग पर विचार कर रही है।
मैन्युफैक्चरिंग प्लान सौंपने को कहा: भारत सरकार ने टेस्ला से मैन्युफैक्चरिंग प्लान सौंपने को कहा है। ब्लूमबर्ग की रिपोर्ट के मुताबिक एक बैठक में भारी उद्योग और वित्त मंत्रालय ने टेस्ला से ब्योरा मांगा है। यही नहीं, सरकार आयात शुल्क कम करने की मांग की भी जांच की गई है। जानकारी के मुताबिक विभागों ने टेस्ला से पूरी तरह से निर्मित कारों और आंशिक रूप से निर्मित वाहनों के आयात पर विचार मांगे हैं। हालांकि, इस पूरे मामले पर टेस्ला के अलावा भारी उद्योग और वित्त मंत्रालय की ओर से कोई बयान नहीं दिया गया है।
आपको बता दें कि टेस्ला ने जुलाई में नरेंद्र मोदी सरकार को पत्र लिखकर इलेक्ट्रिक कारों पर आयात शुल्क कम करने की मांग की थी। टेस्ला ने इलेक्ट्रिक कारों पर आयात शुल्क की मौजूदा सीमा से 40 फीसदी तक कम करने का अनुरोध किया था। हालांकि, केंद्र सरकार में मंत्री कृष्ण पाल गुर्जर ने संसद को बताया था कि ऐसा कोई प्रस्ताव विचाराधीन नहीं है।
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इससे पहले, टेस्ला के सीईओ एलन मस्क ने भी ट्विटर के जरिए भारत सरकार से आयात शुल्क कम करने की मांग की थी। एलन मस्क ने बताया कि भारत में आयात शुल्क दुनिया में सबसे ज्यादा है। उन्होंने कहा था कि आयात शुल्क कम होने पर टेस्ला मैन्युफैक्चरिंग प्लांट लगाने पर विचार करेगी।







