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आज के समय में हर कोई आन लाइन शापिंग में काफी जोश दिखाते हैं। अक्सर धोखा खाते हैं। ऐसा ही एक मामला दिल्ली के दिलशाद कालोनी में देखने को मिला है। एक लोकल आन लाइन शापिंग वेबसाइट कंपनी ने एक पैकेट भेजा जिसमें हाथ की घड़ी होने की बात थी। लेकिन उस पैकेट में दफ्ती के टुकड़े निकले। पैसे कैश आन डिलिवरी करने थे। डिलिवरी ब्वाय ने पैकेट दिखाने से पहले पैसे लिये। उसने पैकेट खोलने से मना कर दिया। पैसे लेने के बाद तुरंत रफूचक्कर हो गया। अब कंपनी के लोग फोन भी उठा रहे हैं। ऐसी कंपनियों के कारण अन्य कंपनियां भी शक के घेरे में आ जाती हैं।
मालूम हो कि दिलशाद कालोनी में रहने वाले युवक राशिद ने पिछले सप्ताह एक लोकल आन लाइन शापिंग कंपनी पे एक ब्रोडेड कंपनी की फर्स्ट कापी हाथ की घड़ी का आर्डर किया था। घड़ी का भुगतान कैश आन डिलिवरी किया जाना था। 29 मार्च को एक डिलिवरी ब्वाय दोपहर को एक पैकेट लेकर बी 44 दिलशाद कालोनी में पहुंचा। घर वालों ने उससे पैकेट खोलकर दिखाने को कहा। उसने ऐसा करने से मना करते हुए कहा कि आप को विश्वास नहीं तो पैकेट न लें। उसकी बातों में आ कर घर वालों ने 550 रुपये कैश दे कर उस पैकेट को ले लिया। जब पैकेट खोल कर देखा तो उसमें दफ्ती के टुकड़े निकल जिन्हें टेप से बांध रखा था। घर वालों ने पैकेट खोलते समय पूरा वीडियो बना लिया जिससे यह सबूत के तौर पर पेश कर सकें कि पैकेट से घड़ी नहीं निकली बल्कि दफ्ती के टुकड़े निकले।








