अमरुल्लाह सालेह अफगानिस्तान के पूर्व उप-राष्ट्रपति रहे हैं। इन दिनों वह लगातार ख़बरों में हैं। तालिबान को लेकर लगातार पाकिस्तान के रोल पर सवाल उठाते रहे हैं। अभी उन्होंने फिर से ऐसा कुछ लिख दिया है जिस पर पाकिस्तान के अधिकारी सफाई देते रहेंगे।
अमरुल्लाह सालेह ने 24 जुलाई को एक ट्वीट कर लिखा,
“तालिबान अब तक युद्ध कैसे लड़ रहा है? तालिबान, पाकिस्तान सेना और उसकी ख़ुफ़िया एजेंसी आईएसआई के सप्लाई ट्रेल की मदद से। तालिबन, लश्कर, अल-कायदा और मदरसा स्वयंसेवकों का एक गठबंधन घुसपैठ करते हैं। इनकी मदद के बिना तालिबान कुछ ही हफ़्तों में हार जाएगा। अफगानिस्तान नेशनल डेवलपमेंट स्ट्रेटजी ने अपने उपकरण खो दिए हैं, लेकिन बारूद के डिपो नहीं। एक भी नहीं।”
How the Talibs sustain the war? They sustain it through GHQ/ISI supply trail. An alliance of Talibs, LeT, Al-Qaeda & Madrasa volunteers use the trail to infiltrate. Without this trail Talibs will lose it in a matter of weeks. ANDS has lost equipment but NOT ammo depots. None.
सालेह ने पाकिस्तान के हार की तस्वीर पोस्ट की थी
हाल ही में अफगानिस्तान के पहले उपराष्ट्रपति अमरुल्लाह सालेह ने पाकिस्तान से 1971 में हुए जंग में भारत की जीत की ऐतिहासिक तस्वीर पोस्ट की थी। तस्वीर के साथ उन्होंने लिखा था कि अफगानिस्तान के इतिहास में ऐसी कोई तस्वीर नहीं है और ना ही कभी होगी। उन्होंने आगे कहा था कि पाकिस्तान के ट्विटर हमलावर, तालिबान और आतंक इस तस्वीर के आघात को ठीक नहीं कर सकते। कोई और तरीका खोजिए।
We don’t have such a picture in our history and won’t ever have. Yes, yesterday I flinched for a friction of a second as a rocket flew above & landed few meters away. Dear Pak twitter attackers, Talibn & terrorism won’t heal the trauma of this picture. Find other ways. pic.twitter.com/lwm6UyVpoh
पाकिस्तान पर तालिबान को सपोर्ट करने का आरोप
अमरुल्लाह सालेह के इस ट्वीट पर पाकिस्तान और अफगानिस्तान के बीच जुबानी जंग तेज हो गई थी। पाकिस्तान के केंद्रीय मंत्री तक को सफाई देनी पड़ी थी। अमरुल्लाह ने एक बार तालिबान को लेकर पाकिस्तान को टारगेट किया है। वैसे यह कोई पहली बार नहीं हो रहा कि पाकिस्तान पर अफगानिस्तान में तालिबान को बढ़ावा देने के आरोप लग रहे हों। कई डिफेंस एक्सपर्ट और एनालिस्ट तालिबान को बढ़ावा देने में पाकिस्तान के रोल को लेकर बताते रहे हैं।
मौजूदा वक्त में अफगानिस्तान में तालिबान फिर से एक बड़े इलाके को कब्ज़ा कर चुका है। अमेरिकी सेना के अफगानिस्तान से लौट रही है और तालिबान, अफगानिस्तान में मजबूत होता जा रहा है।







