पुराने कांग्रेसी रहे जितिन प्रसाद के पार्टी छोड़कर बीजेपी में जाने पर घमासान मच गया है। पार्टी में एक धड़ा जितिन प्रसाद पर विश्वासघात का आरोप लगा रहा है तो कुछ नेताओं ने सुधार की जरूरत बताई है। इसी कड़ी में नया नाम कपिल सिब्बल का जुड़ा है। उन्होंने पार्टी लीडरशिप असंतुष्ट नेताओं की बातों को सुनने की अपील की है। कपिल सिब्बल ने कहा, ‘मुझे भरोसा है कि लीडरशिप को यह मालूम है कि पार्टी में क्या समस्याएं हैं। मुझे उम्मीद है कि लीडरशिप सुन रहा है क्योंकि कुछ भी इसके बिना नहीं बचेगा।’ सिब्बल ने कहा, ‘कोई भी कॉरपोरेट ढांचा बिना एक-दूसरे की सुने नहीं चल सकता है और यही राजनीति में भी है।’
पूर्व केंद्रीय मंत्री ने एक तरह से पार्टी को नसीहत देते हुए कहा कि यदि आप नहीं सुनते हैं तो फिर बुरे दिनों की शुरुआत हो जाती है। इसके साथ ही उन्होंने जितिन प्रसाद पर भी पार्टी छोड़ने को लेकर तीखा हमला बोला। सिब्बल ने कहा, ‘जितिन प्रसाद ने जो किया है, मैं उसके खिलाफ नहीं हूं। कुछ ऐसे कारण रहे होंगे, जिन्हें उजागर नहीं किया जा सकता। लेकिन बीजेपी से जुड़ने जैसी बात समझ में नहीं आती। इससे पता चलता है कि हम ‘आया राम गया राम’ से आगे बढ़कर प्रसाद पॉलिटिक्स की ओर आगे बढ़ रहे हैं। आपको जहां प्रसाद मिले, वही पार्टी जॉइन कर लो।’
I am sure leadership knows what the problems are and I hope the leadership listens because nothing survives without listening, no corporate structure can survive without listening and so is with politics. If you don’t listen, you will fall into bad days: Kapil Sibal
— ANI (@ANI) June 10, 2021
कांग्रेस से नाराजगी और खुद के बीजेपी में जाने के सवाल पर कपिल सिब्बल ने कहा कि ऐसा कभी नहीं हो सकता। उन्होंने कहा, ‘हम सच्चे कांग्रेसी हैं। मैं अपनी जिंदगी में बीजेपी में जाने के बारे में सोच भी नहीं सकता हूं। यहां तक कि मेरा मृत शरीर भी ऐसा नहीं करेगा। ऐसा हो सकता है कि पार्टी लीडरशिप मुझे जाने के लिए कहे तो कांग्रेस छोड़नी पड़ जाए, लेकिन तब भी बीजेपी में नहीं जाऊंगा।’ बता दें कि जितिन प्रसाद के कांग्रेस छोड़ने के बाद से कई नेताओं की प्रतिक्रियाएं आई हैं। कई लीडर्स ने उन्हें बिना जनाधार वाला नेता बताया है। वहीं कई नेताओं ने उन पर विश्वासघात तक का आरोप लगाया है।







