अगर आप बिना ड्राइविंग लाइसेंस के वाहन चलाते हुए पकड़े गए तो आपको 5,000 रुपये तक का जुर्माना देना पड़ेगा, जो  पहले 1,000 रुपये था। इसके बावजूद बहुत से लोग अभी भी बहना डीएल के वाहन चलाते हैं। ऐसा नहीं है कि वो डीएल नहीं बनवाना चाहते। दरअसल डीएल बनवाने के लिए आरटीओ दफ्तर के कई चक्कर लगाने पड़ते हैं और दलालों के झांसे में आकर लोग काफी पैसा भी गंवा देते है। अब डीएल बनवाना बेहद आसान हो गया है। अगर आप उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश, बिहार, राजस्थान, दिल्ली एनसीआर या झारखंड में रहते हैं तो आप ड्राइविंग लाइसेंस के लिए ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं।

यह भी पढ़ें: DL और आपकी गाड़ी से जुड़े 16 ऑनलाइन काम आधार की मदद से होंगे पूरे

इसके लिए आपको महज ट्रांसपोर्ट मिनिस्ट्री की आधिकारिक वेबसाइट पर दिए गए फॉर्म को ऑनलाइन भरना होगा और मांगे गए दस्तावेजों को फॉर्म के साथ अपलोड करना होगा। इसके साथ ही आप टेस्ट के लिए अपना एक स्लॉट भी बुक कर सकते हैं। स्लॉट के बुक होने के बाद आवेदक को टेस्ट के लिए एक तारीख मिलेगी, जिसे सुविधा के अनुसार चुना जा सकता है। नई प्रक्रिया के तहत आवेदक को स्लॉट बुक होने के बाद तत्काल ऑनलाइन ड्राइविंग लाइसेंस के लिए फीस जमा करना होता है। इसके बाद आवेदक अपनी सुविधा के अनुसार लाइसेंस परीक्षा के लिए तारीख का चुनाव कर सकते हैं। वेबसाइट पर ही ऑनलाइन फीस जमा करने का गेटवे दिया जाता है।  

ऐसा होता है ऑनलाइन टेस्ट

आवेदक को सबसे पहले लर्निंग लाइसेंस दिया जाता है, इससे पूर्व आवेदक को एक ऑनलाइन टेस्ट से गुजरना होता है। इसके लिए आपको अपने सम्बंधित ट्रासपोर्ट ऑफिस में ऑनलाइन परीक्षा देनी होती है। इस ऑनलाइन टेस्ट में कुल 10 प्रश्न पूछे जाते हैं और इनका जवाब महज 10 मिनट के भीतर ही देना होता है।  जो आवेदक 10 में से 6 या उससे ज्यादा प्रश्नों के सही जवाब दे देते हैं, उन्हें ही टेस्ट में  पास माना जाता है। इस टेस्ट में पास होने के सर्टिफिकेट को आवेदक के मेल आईडी पर मेल कर दिया जाता है। इस सर्टिफिकेट की प्रिंट आउट कॉपी आप कहीं से भी ले सकते हैं। 

 

 



Source link

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here