जम्मू कश्मीर की पूर्व मुख्यमंत्री और पीडीपी प्रमुख महबूबा मुफ्ती ने शुक्रवार को कहा है कि वो कश्मीर के अलावा कोई झंडा नहीं उठाएंगी। लंबे समय बाद मीडिया से बात करते हुए महबूबा मुफ्ती ने कहा है कि मैं जम्मू-कश्मीर के अलावा दूसरा कोई झंडा नहीं उठाऊंगी। महबूबा मुफ्ती ने कहा कि जिस वक्त हमारा ये झंडा वापस आएगा, हम उस झंडे को भी उठा लेंगे। मगर जब तक हमारा अपना झंडा वापस आ नहीं जाता है तब तक हम किसी और झंडे को हाथ में नहीं उठाएंगे।

वहीं, चुनाव के लड़ने के सवाल पर महबूबा मुफ्ती ने कहा है कि उनकी पार्टी और हाल ही बने पीपुल्स एलायंस फॉर गुपकर डिक्लेयरेशन साथ मिल कर निर्णय करेंगे कि केन्द्र शासित क्षेत्र में चुनाव लड़ना है अथवा नहीं। जम्मू कश्मीर की मुख्यधारा की पार्टियों ने पूर्ववर्ती राज्य का विशेष दर्जा बहाल कराने और इस मुद्दे पर सभी पक्षकारों से बातचीत के लिए 15 अक्टूबर को गुपकर एलायंस का गठन किया है। 

जम्मू कश्मीर को विशेष दर्जा देने वाले संविधान के अनुच्छेद 370 के अधिकतर प्रावधानों को पिछले वर्ष अगस्त में समाप्त किए जाने के बाद से महबूबा हिरासत में थीं । रिहा होने के बाद पहली बार मीडिया से बातचीत में उन्होंने कहा कि पूर्व राज्य का झंडा और संविधान बहाल होने तक उन्हें व्यक्तिगत तौर पर चुनाव लड़ने में कोई दिलचस्पी नहीं है।

उन्होंने अपने आवास पर संवाददाताओं से कहा, जहां तक पीडीपी की बात है, तो अब हम अकेले नहीं हैं। अगर आप को याद हो, तो हमने नेशनल कॉन्फ्रेंस के साथ (2018) पंचायत चुनाव से पहले एक संयुक्त रुख अपनाया था कि हम उसमें भाग नहीं लेंगे। इस बार भी हम पार्टी के भीतर, अपने कार्यकर्ताओं से इस पर चर्चा करेंगे, और फिर पीपुल्स एलायंस (फॉर गुपकर डिक्लेयरेशन) में इस पर चर्चा करेंगे। हम वहां जो निर्णय लेंगे, वह सब पर लागू होगा।

उन्होंने कहा, जहां तक मेरी बात है, तो मुझे चुनाव में कोई दिलचस्पी नहीं है। जब तक वह संविधान हमें वापस नहीं मिल जाता जिसके तहत मैं चुनाव लड़ती थी, महबूबा मुफ्ती को चुनाव से कोई लेना देना नहीं है।





Source link

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here