Edited By Dil Prakash | इकनॉमिक टाइम्स | Updated:

सांकेतिक तस्वीर

बेंगलूरु

कोरोना काल में अर्थव्यवस्था बेहद खराब दौर से गुजर रही है और कंपनियां अपने कर्मचारियों की छंटनी कर रही है। लेकिन कुछ कंपनियों ऐसे दौर में भी नए लोगों की भर्ती कर रही हैं। डिजिटल पेमेंट्स प्लेटफॉर्म फोनपे भी इनमें से एक है।

फ्लिपकार्ट के मालिकाना हक वाले इस डिजिटल पेमेंट्स प्लेटफॉर्म ने इस साल 550 लोगों को भर्ती करने की घोषणा की है। फोनपे भारत के बढ़ते डिजिटल पेमेंट्स मार्केट में गूगल पे और पेटीएम के दबदबे को चुनौती दे रही है। कंपनी ने अपने कर्मचारियों के वेतन में कटौती नहीं की है और वह इसी महीने एप्रेजल प्रोसेस शुरू करने जा रही है।

20 से 30 फीसदी नए कर्मचारी

कंपनी की टीम में अभी करीब 1800 कर्मचारी हैं और उसकी योजना 20 से 30 फीसदी और कर्मचारियों को जोड़ने की है। फोनपे के सह-संस्थापक और सीटीओ राहुल चारी ने कहा, ‘पिछले दो-तीन महीनों में हमने लोगों को नौकरी पर रखने की अपनी गति तेज की है। आप जानते हैं कि स्थिति ठीक नहीं है, इसलिए अच्छे लोगों की भी नौकरी जा रही है। इसलिए बाजार में बड़ा पूल नजर आ रहा है। कंपनी इंजीनियरिंग, कॉरपोरेट फंक्शंस, सेल्स, बिजनस डेवलपमेंट और मार्केटिंग में लोगों की भर्ती कर रही है।’

फोनपे यूपीआई के जरिए पेमेंट की सुविधा देता है। उसने 183 ब्रैंड्स के लिए मिनी डिजिटल स्टोर बना रखे हैं और साथ ही वह एप के जरिए वित्तीय उत्पाद भी बेचती है। फ्लिपकार्ट ने अप्रैल में फोनपे में 9 करोड़ डॉलर का निवेश किया था।



Source link

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here