पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड की हालत बेहद खराब है. सूत्रों से पता चला है कि, खिलाड़ियों को जहां ट्रेनिंग करनी है उस शिविर में 30 से 35 खिलाड़ियों के रूकने की जगह नहीं है.
पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड ये एलान कर चुका है कि वो अपने खिलाड़ियों को इंग्लैंड भेजेगा जहां टीम को तीन टेस्ट और तीन टी20 मैच खेलने हैं. एक तरफ जहां सभी क्रिकेट बोर्ड्स ने अपने खिलाड़ियों को ये आदेश दे दिए हैं कि वो ट्रेनिंग पर वापस आएं ऐसे में पाकिस्तान के लिए ये कदम बेहद मुश्किल हो रहा है. वेस्टइंडीज, इंग्लैंड, श्रीलंका, ऑस्ट्रेलिया ये सभी क्रिकेट टीमें सोमवार और उससे पहले से ही ट्रेनिंग की शुरूआत कर चुकी हैं क्योंकि टीमों को दूसरे देश का दौरा करना है. लेकिन पाकिस्तान इतना गरीब है कि उसके पास ट्रेनिंग शिविर में रूकवाने के लिए जगह नहीं है.
इससे पहले भारतीय क्रिकेट बोर्ड को पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड पहले ही ये धमकी दे चुका है कि कोरोना संकट के बीच वो किसी भी हालत में भारत से मदद नहीं लेगा. क्योंकि पाकिस्तान बोर्ड के काफी पास पैसे हैं.
लेकिन अब पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड की हालत बेहद खराब है. सूत्रों से पता चला है कि, खिलाड़ियों को जहां ट्रेनिंग करनी है उस शिविर में 30 से 35 खिलाड़ियों के रूकने की जगह नहीं है. यहां सभी खिलाड़ियों को लाहौर के एनसीए में ट्रेनिंग और रूकने का इंतजाम करना था लेकिन अब खिलाड़ियों की तादाद देखकर बोर्ड के सामने ये दिक्कत आ गई है कि इन्हें और अधिकारियों को कहां रूकवाया जाए क्योंकि अब इंग्लैंड दौरा भी नजदीक आ रहा है.
कोरोना को देखते हुए मिस्बाह उल हक पहले ही ये कह चुके हैं कि एक बार खिलाड़ी एनसीए में आ जाएंगे तो इसके बाद उन्हें घर जाने की इजाजत नहीं होगी तो वहीं वो बाहरी लोगों से भी नहीं मिल पाएंगे. ऐसे में अधिकारियों और क्रिकेटर्स को एक साथ रूकवाने का संकट अब बोर्ड के समझ के बाहर है.







