बॉलीवुड के महानायक अमिताभ बच्चन ने प्रवासी मजदूरों को फ्लाइट के जरिए उनके घर प्रयागराज भिजवाया है. प्रयागराज आए लोगों मे ज्यादातर गरीब तबके के थे. कई लोगों ने हवाई चप्पल पहनकर सफर किया था तो ज्यादातर लोग पहली बार प्लेन में बैठे थे.
प्रयागराज: सोनू सूद के बाद मिलेनियम स्टार अमिताभ बच्चन ने भी कोरोना के चलते मुम्बई में फंसे प्रवासी मजदूरों और उनके परिवार वालों को वापस भेजने की अनूठी पहल शुरू की है. अमिताभ बच्चन ने अपने गृह नगर प्रयागराज समेत यूपी के अलग-अलग शहरों के रहने वाले मजदूरों को बुधवार से हवाई जहाज के जरिये उनके घर भेजने की शुरुआत कर दी है. इसी कड़ी में आज पहले दिन मुम्बई में फंसे 180 प्रवासियों को उनके परिवार वालों के साथ इंडिगो की फ्लाइट से प्रयागराज भेजा गया. प्रयागराज आए ज्यादातर मजदूर गरीब तबके के थे. कई लोगों ने हवाई चप्पल पहनकर सफर किया था तो ज्यादातर लोग पहली बार प्लेन में बैठे थे.
अमिताभ की वजह से हवाई सफर के बचपन के सपने को पूरा करते हुए महीनों फंसे रहने के बाद घर पहुंचने वाले प्रवासी एयरपोर्ट पर पहुंचकर काफी खुश नजर आ रहे थे. हर कोई उन्हें दिल से दुआएं दे रहा था. कोई उनकी सलामती और लम्बी उम्र की कामना कर रहा था तो कोई उन्हें सुपर हीरो और रियल हीरो करार दे रहा है.

अमिताभ बच्चन ने मुम्बई की दो संस्थाओं हाजी अली ट्रस्ट और माहिम दरगाह ट्रस्ट के ज़रिये तकरीबन डेढ़ हजार लोगों को यूपी के चार शहरों तक प्लेन से भेजने की शुरुआत की है. ये सभी लोग मुम्बई में तीन महीने से फंसे हुए थे. रोजगार ठप होने से इनके पास खाने-पीने की दिक्कत हो रही थी. कई के पास तो ट्रेन का किराया भी नहीं बचा था. पहले इन्हें स्पेशल ट्रेन से भेजने की योजना बनाई गई, लेकिन दो दिन ट्रेन नहीं मिलने के बाद बुधवार से इन्हे हवाई जहाज के जरिये घरों तक भेजा जा रहा है.

कहा जा सकता है कि अमिताभ बच्चन को यूं ही मिलेनियम स्टार नहीं कहा जाता. परदे पर तो वह नायक की भूमिका निभाते ही हैं, लेकिन असल जिंदगी में भी उन्होंने मुश्किल दौर में मुसीबतों का सामना कर रहे मजदूरों व उनके परिवार वालों के लिए हवाई जहाज का इंतजाम कराकर यह साबित कर दिया कि वह सिर्फ फिल्मी हीरो नहीं बल्कि रियल हीरो हैं.







