फ्रैंकलिन टेम्पलटन म्यूचुअल फंड (एमएफ) ने बंद पड़ी छह ऋण योजनाओं के अंशधारकों को अब तक 21,000 करोड़ रुपये से अधिक राशि लौटा दी है। यह राशि कंपनी की 23 अप्रैल, 2020 तक प्रबंधन अधीन संपत्ति (एयूएम) का 84 प्रतिशत है। इसी दिन कंपनी ने अपनी छह रिण वाली म्यूचुअल फंड योजनाओं को बंद करने की घोषणा की थी। कंपनी ने बाजार में विमोचन दबाव और तरलता की कमी का हवाला देते हुये योजनाओं को बंद करने की घोषणा की थी।
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फ्रैंकलिन टेम्पलटन एसेट मैनेजमेंट (इंडिया) प्राइवेट लिमिटेड के अध्यक्ष संजय सप्रे ने निवेशकों को लिखे एक पत्र में कहा कि इसके अलावा, इस साल 31 जुलाई तक वितरण के लिए 1,111 करोड़ रुपये की नकदी उपलब्ध थी।
ये योजनाएं हुईं थीं बंद
फ्रैंकलिन इंडिया लो ड्यूरेशन फंड, फ्रैंकलिन इंडिया डायनेमिक एक्रुअल फंड, फ्रैंकलिन इंडिया क्रेडिट रिस्क फंड, फ्रैंकलिन इंडिया शॉर्ट टर्म इनकम प्लान, फ्रैंकलिन इंडिया अल्ट्रा शॉर्ट बॉन्ड फंड, और फ्रैंकलिन इंडिया इनकम अपॉर्चुनिटीज फंड – में कुल मिलाकर 25,000 करोड़ रुपये की प्रबंधनाधीन संपत्ति थी।
एसबीआई फंड्स मैनेजमेंट प्राइवेट लिमिटेड (एसबीआई एमएफ) द्वारा छह बंद योजनाओं के अंशधारकों को पांच चरणों में कुल 21,080 करोड़ रुपये का वितरण किया गया है।एसबीआई एमएफ को उच्चतम न्यायालय ने इन छह योजनाओं के लिए परिसमापक नियुक्त किया है।







