देशभर में कोरोना के मामले तेजी से रफ्तार पकड़ रहे हैं। इस बीच महाराष्ट्र में स्थिति लगातार बिगड़ती जा रही है। फिलहाल महाराष्ट्र पूरे देश में कोरोना का गढ़ बना हुआ है। इस बीच बीते 24 घंटे में महाराष्ट्र में कोरोना के कुल 47,288 नए मामले सामने आए हैं, साथ ही 26,252 लोग इस बीमारी से ठीक भी हुए हैं। वहीं कुल 155 लोगों की इस वायरस से मौत भी हो गई है। इसके साथ ही एक्टिव मामलों की संख्या अब 4,51,375 हो गई है। हालांकि आज सोमवार को दर्ज किए गए कोरोना मामलों की संख्या में रविवार की तुलना में कमी आई है। आपको बता दें कि रविवार को राज्य में नए मामलों का आंकड़ा 57 हजार को पार कर गया था। इसके अलावा 222 मरीजों की मौत भी हुई थी।
इसके अलावा राज्य के कई शहरों में कोरोना मामले बेतहासा बढ़ रहे हैं। इस बीच मुंबई की बात की जाए तो सोमवार को यहां 9,857 नए मामले सामने आए हैं। 3,357 लोग डिस्चार्ज हुए और 21 लोगों की मौत हो गई है। इसके साथ ही शहर मे ंकुल सक्रिय मामलों का आंकड़ा 74,522 तक पहुंच गया है। वहीं, धारावी की बात करें तो यहां पिछले एक साल में कुल 5,238 मामलों सामने आए हैं, जिनमें से सोमवार को 47 नए मामले दर्ज किए गए। धारावी में फिलहाल कोरोना के 828 सक्रिय मामले मौजूद हैं।
Mahrashtra reports 47,288 new #COVID19 cases, 26,252 discharges and 155 deaths.
Total cases: 30,57,885
Total discharges: 25,49,075
Death toll: 56,033
Active cases: 4,51,375 pic.twitter.com/a9YLlwdzsu— ANI (@ANI) April 5, 2021
इस बीच राज्य में बेकाबू हो चले कोरोना मामलों को देखते हुए मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे ने PM मोदी को पत्र लिखकर 25 साल से अधिक उम्र के लोगों को टीकाकरण की अनुमति देने का अनुरोध किया। उन्होंने वैक्सीन के लिए 45 साल से अधिक उम्र के लोगों को अनुमति देने के उनके प्रस्ताव को स्वीकार करने के लिए PM का धन्यवाद भी दिया।
वहीं, राज्य में बढ़ते मामलों के साथ ही प्रवासी मजदूरों ने भी एक बार फिर से पलायन शुरू कर दिया है। कई प्रवासी मज़दूर महाराष्ट्र के अलग-अलग शहरों को छोड़कर अपने राज्यों की तरफ जा रहे हैं। कोरोना पर काबू पाने के लिए राज्य सरकार ने नई पाबंदियां लागू कर दी हैं। जिन्हें देखकर प्रवासी मजदूरों की चिंताएं बढ़ गई हैं और वो अपने घर लौट रहे हैं। उनका कहना है कि सरकार यह कदम उनके वेतन को प्रभावित करेगा। भले ही राज्य सरकार ने पूर्ण रूप से लॉकडाउन न लगाया हो, लेकिन मजदूरों को डर है कि रेल सेवाएं व अन्य सेवाएं बंद हो सकती हैं, जिनसे उन्हें पिछले साल की तरह परेशानियां हो सकती है।
इससे पहले रविवार को महाराष्ट्र की उद्धव सरकार ने कैबिनेट मीटिंग करते हुए वीकेंड लॉकडाउन समेत कई अहम फैसले लिए। साथ ही नाइट कर्फ्यू को आगे भी जारी रखने का ऐलान किया गया है। यह कर्फ्यू रात आठ बजे से सुबह सात बजे तक चलेगा। वहीं, रेस्टोरेंट्स में बैठकर खाने की इजाजत नहीं होगी। हालांकि, ग्राहक खाने को पैक कराकर ले जा सकेंगे।







