भारत की हवाई ताकत का प्रदर्शन
वायुसेना के परेड के दौरान एयरक्राफ्ट्स ने अपनी हैरतअंगेज उड़ान से लोगों के दिल जीत लिया।
लड़ाकू विमानों की पैंतरेबाजी
अपाचे-एमआई-35 की कलाबाजियां
चिनूक के कारनामे
दो चिनूक हेलिकॉप्टर्स ने भी वायुसेना दिवस के समारोह में हिस्सा लिया। इस दौरान आकाश में इनकी उड़ान देखकर हर कोई रोमांचित हो उठा।
राफेल की उड़ान
वायुसेना अध्यक्ष का संदेश
वायुसेना दिवस पर एयर चीफ मार्शल आरकेएस भदौरिया ने कहा कि 89वें साल में प्रवेश के साथ ही वायुसेना एक परिवर्तनकारी दौर से गुजर रही है। हम एक ऐसे समय में प्रवेश कर रहे हैं जब हम एयरोस्पेस शक्तियों को नियोजित करेंगे और इंटीग्रेटेड मल्टि-डोमेन ऑपरेशन्स को संचालित करेंगे। उन्होंने कहा, ‘यह साल अभूतपूर्व रहा। कोरोना पूरी दुनिया में फैला। इस दौरान भी वायु सेना के योद्धाओं के तप और संकल्प ने पूर्ण पैमाने पर संचालन की अपनी क्षमता को बनाए रखा। भदौरिया ने कहा कि मैं देश के लोगों को आश्वासन देना चाहता हूं कि राष्ट्र की संप्रभुता और हितों की रक्षा के लिए वायुसेना हर परिस्थिति में तैयार रहेगी। सीमा पर चीन के साथ गतिरोध पर वायुसेना प्रमुख ने कहा कि उत्तरी सीमा पर गतिरोध के दौरान वायु योद्धाओं की त्वरित प्रतिक्रिया की मैं सराहना करता हूं, जब हमने स्थिति को संभालने के लिए बहुत शॉर्ट नोटिस पर ऑपरेशन्स संचालित किए।
एयरफोर्स के शौर्य का प्रदर्शन
88वें स्थापना दिवस पर गाजियाबाद के हिंडन एयरबेस पर भारतीय वायुसेना का कार्यक्रम जारी है। इस दौरान निशान टोली की महिला सैनिकों ने मार्च किया। तीनों सेनाओं के सेनापति कार्यक्रम में मौजूद हैं। भारतीय वायुसेना के प्रमुख आरकेएस भदौरिया ने 88वें एयरफोर्स स्थापना दिवस की खास परेड का निरीक्षण किया।
निशान टोली का मार्च
वायुसेना की परेड
थलसेना अध्यक्ष जनरल एमएम नरवणे, नौसेना अध्यक्ष एडमिरल करमवीर सिंह ने कार्यक्रम में हिस्सा लिया। इस दौरान वायुसेना के प्रमुख विमानों ने अपनी ताकत का परिचय दिया।
पीएम और रक्षामंत्री ने दी शुभकामनाएं
वायुसेना दिवस पर राष्ट्रपति के अलावा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और रक्षामंत्री राजनाथ सिंह ने एयरफोर्स को शुभकामनाएं दी हैं। दोनों नेताओं ने वायुसेना के जवानों के समर्पण और उनके सर्वोच्च बलिदान को याद करते हुए उनका आभार व्यक्त किया।
अमेरिकी राजदूत ने दी बधाई
भारत में अमेरिकी राजदूत केन जस्टर ने भारतीय वायुसेना दिवस की शुभकामनाएं दी हैं। जस्टर ने कहा कि रक्षा सहयोग भारतीय अमेरिकी संबंधों की आधारशिला है। हम एक सुरक्षित, स्वतंत्रत और नियमों पर आधारित इंडो-पेसिफिक क्षेत्र के लिए मिलकर काम करते हैं। उन्होंने वायुसेना के आदर्श वाक्य ‘नभः स्पृशं दीप्तम्’ लिखते हुए अपना ट्वीट समाप्त किया है।







