सेना प्रमुख जनरल एमएम नरवणे ने कहा है कि भारत और पाकिस्तान के बीच संघर्ष विराम समझौता होने के बाद नियंत्रण रेखा पर कोई घुसपैठ नहीं हुई है। घुसपैठ न होने से कश्मीर में आतंकवादियों की संख्या कम है। हालांकि, उन्होंने यह भी कहा कि ऐसे तत्व हमेशा रहेंगे जो शांति और विकास की प्रक्रिया को बाधित करने की कोशिश करेंगे। सेना प्रमुख ने ये बातें ऐसे समय पर कही हैं, जब केंद्र सरकार केद्र शासित प्रदेश में चुनावी प्रक्रिया को शुरू करने जा रही है। पीएम मोदी की जम्मू-कश्मीर के नेताओं के साथ बैठक के बाद जम्मू में आतंकियों ने वायु सेना स्टेशन पर ड्रोन से हमला किया है।
सेना प्रमुख ने कहा, ”हमारा जम्मू कश्मीर में आतंकवाद रोधी और घुसपैठ रोधी मजबूत तंत्र है, शांति, सामंजस्य सुनिश्चित करने का हमारा अभियान जारी रहेगा।” जम्मू में ड्रोन हमले को लेकर उन्होंने कहा, ”ड्रोन के आसानी से उपलब्ध होने से निश्चित तौर पर जटिलता और चुनौतियां बढ़ी हैं। हमने कुछ कदम उठाए हैं, सभी जवानों को इस पैदा होते खतरे से अवगत कराया गया है। हम उस खतरे से निपटने के लिए क्षमताएं विकसित कर रहे हैं, चाहे ये खतरे देश प्रायोजित हो या खुद देशों ने पैदा किए हो।”







