किसान आंदोलन की वजह से दबाव झेल रहे हरियाणा के डिप्टी सीएम दुष्यंत चौटाला ने शनिवार को कहा है कि उन्हें उम्मीद है कि आने वाले 20-40 घंटों में केंद्र सरकार और किसान नेताओं के बीच बातचीत होगी। चौटाला ने कृषि कानूनों को लेकर शनिवार को केंद्रीय कृषि मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह, पीयूष गोयल से मुलाकात की थी।
कृषि मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर से मुलाकात करने के बाद चौटाला ने कहा कि जब तक वे सरकार का हिस्सा हैं, तब तक वे सुनश्चित करेंगे कि न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) पर खरीदारी होती रहे। चौटाला ने कहा कि हरियाणा सरकार स्थिर है और एमएसपी पर उनकी स्पष्ट राय है।
दुष्यंत चौटाला हरियाणा की गठबंधन सरकार में डिप्टी सीएम हैं। विपक्षी दल चौटाला पर लगातार सरकार से समर्थन वापस लेने का दबाव बना रहे हैं। वहीं, अगर चौटाला मुख्यमंत्री खट्टर सरकार से समर्थन वापस लेते हैं तो फिर सरकार गिर जाएगी। हालांकि, दुष्यंत चौटाला पहले भी कहते रहे हैं कि अगर एमएसपी सिस्टम पर कोई भी आंच आती है, तो वे इस्तीफा दे देंगे।
जब शनिवार को दुष्यंत चौटाला से पूछा गया कि क्या हरियाणा की गठबंधन सरकार स्थिर है, उन्होंने कहा, ”हां…जब तक एमएसपी सुनिश्चित रहेगा, तब तक सरकार स्थित रहेगी।” उन्होंने कहा, ”मुझे उम्मीद है कि अगले 20-40 घंटों के अंतर, सरकार और किसान नेताओं के बीच में फिर से बातचीत होगी और कुछ अहम बातें निकलकर सामने आएंगी।
गौरतलब है कि पिछले कई दिनों से दिल्ली के बॉर्डर पर बड़ी संख्या में पंजाब, हरियाणा समेत कई राज्यों के किसान प्रदर्शन कर रहे हैं। किसानों की मांगें हैं कि केंद्र सरकार हाल ही में बनाए गए कृषि कानूनों को रद्द करते हुए पराली, बिजली से जुड़े कई मामलों को सुलझाए। इसको लेकर सरकार और किसान नेताओं की कम से कम पांच दौर की बातचीत हो चुकी है, लेकिन कोई भी हल नहीं निकल सका है। सरकार कानूनों को किसानों के हित में बताते हुए उन्हें रद्द करने से इनकार कर रही है, जबकि किसान अपने आंदोलन को और तेज करने का ऐलान कर चुके हैं।







