कोसी, सीमांचल और पूर्वी बिहार के जिलों में गुरुवार को बारिश के दौरान वज्रपात से 24 लोगों को मौत हो गयी जबकि एक दर्जन से अधिक लोग घायल हैं। सबसे ज्यादा भागलपुर में सात लोगों की मौत (Bihar Lightning brust death) हुई है। जबकि बांका में पांच, खगड़िया और जमुई में तीन-तीन लोगों की जान गयी है। वहीं सुपौल में दो तथा सहरसा, मधेपुरा, किशनगंज और अररिया में एक-एक व्यक्ति की मौत वज्रपात से हुई है। 

भागलपुर जिले में ठनका की चपेट में आने से गुरुवार को सात लोगों की मौत हो गयी जबकि तीन लोग घायल हो गये। मरने वालों में सुल्तानगंज और नवगछिया के दो-दो, अकबरनगर, सन्हौला और नारायणपुर के एक-एक व्यक्ति शामिल हैं। वहीं बांका के रजौन के कठचातर गांव में वज्रपात से तीन बालकों की मौत हो गयी। इसके अलावा चांदन में एक युवक की जबकि बाराहाट खड़ीहरा में एक वृद्ध की मौत है। सुपौल के सरायगढ़ प्रखंड स्थित छिलाडुमरी में एक महिला की जबकि मरौना प्रखंड की सरोजाबेला पंचायत के इनरवा गांव में युवक की मौत हो गयी।

खगड़िया जिले चौथम में एक और अलौली प्रखंड में वज्रपात से दो महिलाओं की मौत हुई है। सहरसा जिले के सिमरी बख्तियारपुर प्रखंड क्षेत्र की धनुपरा पंचायत के भंवरी गांव में ठनका की चपेट में आने से एक युवक की मौत हो गई। किशनगंज में कोचाधामन प्रखंड की बलिया पंचायत के बलिया गांव में एक युवक की मौत ठनका की चपेट में आने से हो गई। वहीं जमुई के अड़सार और सिकंदरा थाना के आचार्यडिह गांव में ठनका गिरने से एक-एक युवक की जबकि मलयपुर के बरियारपुर में एक छात्र की, मधेपुरा के चौसा में एक पशुपालक की तथा अररिया के नरपतगंज फुलकाहा में युवक की मौत हो गयी।  





Source link

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here