बीते दिनों ऑनलाइन फूड डिलिवरी प्लेटफॉर्म जोमैटो ने स्पष्ट किया है कि कंपनी के को-फाउंडर गौरव गुप्ता के इस्तीफा का खुलासा करने की जरूरत नहीं थीं। जोमैटो के मुताबिक गौरव गुप्ता न तो महत्वपूर्ण प्रबंधक स्तर के पद पर थे और न ही प्रवर्तक थे।

क्या है मामला: बीते दिनों जोमैटो के को-फाउंडर गौरव गुप्ता ने इस्तीफा दे दिया था। जोमैटो ने इस खबर की जानकारी शेयर बाजार को देने की बजाए एक ब्लॉग पोस्ट के जरिये दी थी। इसके बाद बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज यानी बीएसई ने इस बारे में जोमैटो से स्पष्टीकरण मांगा था। 

अब दी जोमैटो ने सफाई: जोमैटो ने शेयर बाजार को दी सूचना में कहा कि गौरव गुप्ता कंपनी कानून, 2013 और सूचीबद्धता नियमन के तहत महत्वपूर्ण प्रबंधन पद पर नहीं थे। जोमैटो ने कहा कि गुप्ता 2015 में कंपनी से जुड़े थे। 2019 में उन्हें कंपनी का को-फाउंडर घोषित किया गया। वह 2021 में आपूर्ति प्रमुख बने। इससे पहले जोमैटो ने 17 सितंबर से अपनी किराना सामानों की डिलिवरी सेवा को बंद करने की घोषणा की थी। कंपनी ने इसकी वजह मुख्य रूप से ऑर्डर पूरा करने में आ रही खामियों को बताया जिसके कारण ग्राहकों को संतोषजनक अनुभव नहीं मिल रहा था।

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जोमैटो का शेयर भाव: बीते शुक्रवार को आखिरी कारोबारी दिन जोमैटो का शेयर भाव लुढ़क गया। कारोबार के अंत में शेयर का भाव 137.90 रुपए (-2.89%) के स्तर पर है।

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