पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव (West Bengal Assembly Elections 2021) को लेकर राजनीतिक दलों ने कमर कस ली है। अभियान शुरू किए जा चुके हैं। तृणमूल कांग्रेस (TMC) जहां ‘द्वारे सरकार’ के जरिए जनता तक दस वर्षों के कामकाज का ब्योरा रेखने जा रही है वहीं, भारतीय जनता पार्टी (BJP) और ‘आर नोय अन्नया’ के जरिए ममता सरकार को घेरने की कोशिश कर रही है। दोनों ने अपने-अपने अभियान की शुरुआत कर दी है।
विधानसभा चुनाव सामने है तो जाहिर सी बात है कि राजनीतिक दल एक-दूसरे पर आरोप प्रत्यारोप लगाएंगे। बंगाल के राज्यपाल जगदीप धनखड़ ने सोमवार को बताया कि राज्य में विपक्ष के नेता अब्दुल मन्नान ने राजभवन में उनसे मुलाकात की और राज्य में कानून व्यवस्था की स्थिति पर चिंता व्यक्त की। उन्होंने कहा,‘विपक्ष के नेता अब्दुल मन्नान ने आज मुझसे राजभवन में मुलाकात की। उन्होंने राजनीतिक हिंसा में वृद्धि और कानून-व्यवस्था में गिरावट पर गंभीर चिंता व्यक्त की। उन्होंने राजनीतिक रूप से प्रेरित पुलिस पोस्टिंग को चित्रित किया और निष्पक्ष चुनाव की आवश्यकता पर जोर दिया।’
इससे पहले शनिवार को, पश्चिम बंगाल के राज्यपाल जगदीप धनखड़ ने कहा कि मुख्यमंत्री ममता बनर्जी का शासन कानून और संविधान के शासन से तेजी से विकृत हो रहा है और वह उन्हें सावधान कर रहे हैं। धनखड़ ने यह भी कहा कि वह अगले साल राज्य में स्वतंत्र, निष्पक्ष और हिंसा मुक्त चुनाव सुनिश्चित करने के लिए काम करेंगे। धनखड़ ने यहां बताया,‘संवैधानिक मापदंडों का पालन करना चाहिए। ममता बनर्जी द्वारा शासन को कानून के शासन और भारत के संविधान से तेजी से दूर किया जा रहा है। मैं उन्हें आगाह कर रहा हूं।’
तृणमूल कांग्रेस ने ‘द्वारे सरकार’ अभियान शुरू किया
पश्चिम बंगाल में सत्तारूढ़ तृणमूल कांग्रेस पार्टी ने अपना ‘द्वारे सरकार’ अभियान शुरू किया है और सभी पंचायतों तथा नगर पालिकाओं में इस अभियान को लेकर आम लोगों में काफी उत्साह है। राज्य में तृणमूल और विपक्षी दलों की नोकझोंक के साथ, जिले का राजनीतिक परिदृश्य जोरों पर है। हर कोई चुनाव से पहले अपना जोर आजमाने की तैयारी लगा हुआ है। इसके बीच, प्रतिस्पर्धी दलों के नेताओं के एक-दूसरे के साथ औपचारिक बैठकों के बीच स्वतंत्र रूप से मिलने जुलने गतिविधियों तेज हो गई हैं। सत्तारूढ़ पार्टी ने ‘द्वारे सरकार’ अभियान शुरू दिया है। सभी पंचायतों और नगर पालिकाओं में अभियान को लेकर आम लोगों में काफी उत्साह है। लोगों की पूर्ण भागीदारी से निश्चित रूप से अभियान सफल होगा।
भाजपा ने ‘आर नोय अन्नया’ अभियान शुरू किया
भारतीय जनता पार्टी ने ‘आर नोय अन्नया’ अभियान शुरू किया है जहां वे स्थानी लोगों के घर-घर पहुंच रहे है और पम्पलेट बांट रहे हैं। इसके अलावा उन्होंने एक अभियान ‘नो मोर अनइम्पलॉयमेंट’ भी शुरू किया है और विभिन्न इलाकों में जुलूस निकाल रहे हैं।
कांग्रेस में बैठकों का दौर जारी
कांग्रेस अपने मिशन पर चल रही है। प्रदेश कांग्रेस समिति अध्यक्ष अधीर रंजन चौधरी कई स्थानों पर बैठकों में शामिल हो रहे हैं। पिछले कुछ दिनों से वह कांडी, खारग्राम, रेजिनगर, बहरामपुर और नोवदा में बैठकों में शामिल हो रहे है। वह जोर-शोर से कांग्रेस-वाम गठबंधन की वकालत करते रहे हैं। चौधरी के मुर्शिदाबाद के एक लोकप्रिय नेता होने के नाते उनकी सभाओं में हमेशा भीड़ उमड़ती रहती है। इसके अलावा अन्य राजनीतिक नेताओं की गतिविधियों पर भी उनकी बैठक में चचार् होती रहती है। जिला परिषद् सभाधिपति मुशरफ हुसैन मंडल को तृणमूल कांग्रेस नेता शुभेन्दु अधिकारी का करीबी माना जाता है। हाल ही में उन्होंने शुभेन्द्र अधिकारी के साथ बैठक करके सबके लिए भ्रम की स्थिति पैदा की है।
कैलाश विजयवर्गीय की सुरक्षा बढ़ाई, बुलेट प्रूफ कार में चलेंगे
भाजपा नेता कैलाश विजयवर्गीय की वीआईपी सुरक्षा में वृद्धि की गई और पश्चिम बंगाल दौरे के दौरान उन्हें बुलेट प्रूफ कार मुहैया कराई गई है। आधिकारिक सूत्रों ने सोमवार को बताया कि केंद्रीय गृह मंत्रालय ने केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल (सीआईएसएफ) को 64 वर्षीय भाजपा महासचिव के काफिले में बख्तरबंद वाहन को शामिल करने और यह सुनिश्चित करने का निर्देश दिया है कि वह एसयूवी में ही यात्रा करें।
उन्होंने बताया,‘विजयवर्गीय की सुरक्षा में वृद्धि की गई और उनके काफिले में बुलेट प्रूफ वाहन शामिल किया गया है। यह बदलाव भाजपा अध्यक्ष जेपी नड्डा के काफिले पर हुए हमले के दौरान उनके वाहन को निशाना बनाने के बाद सुरक्षा के मद्देनजर किया गया है।’ उल्लेखनीय कि पिछले साल फरवरी से ही सीआईएसएफ जेड श्रेणी की वीआईपी सुरक्षा विजयवर्गीय को मुहैया करा रही है। इसके तहत 16 सीआईएसएफ के सशस्त्र कमांडो और पायलट व एस्कॉर्ट वाहन सुरक्षा प्राप्त व्यक्ति की सुरक्षा करते हैं।
भाजपा ने ‘तृणमूल फेल कार्ड’ जारी किया
अपनी सरकार के 10 साल के शासन के बारे में तृणमूल कांग्रेस द्वारा पिछले हफ्ते जारी किए गए रिपोर्ट कार्ड को भाजपा ने पश्चिम बंगाल के लोगों को मूर्ख बनाने वाला बताया। इसके साथ ही भाजपा ने सोमवार को “तृणमूल फेल कार्ड” जारी किया और ममता बनर्जी सरकार पर राज्य के विकास के बारे में झूठ बोलने का आरोप लगाया। भाजपा नेताओं स्वप्न दासगुप्ता, शिशिर बाजोरिया और शमिक भट्टाचार्य ने ”तृणमूल फेल कार्ड – पश्चिम बंगाल में तृणमूल कांग्रेस के भ्रष्ट और अयोग्य शासन के 10 वर्षों की सच्ची कहानी” जारी किया।







