अन्य प्रदेशों में पांव पसारने की तैयारी में आप
दिल्ली में तीसरी बार सरकार बनाने वाली आम आदमी पार्टी ने संकेत दिया है कि वो अब अन्य प्रदेशों में भी अपने कदम बढ़ाने जा रही है। इसी कड़ी में पार्टी ने 23 फरवरी तक पार्टी से जुड़ने के लिये एक देश व्यापी अभियान चलाया था। पार्टी ने दावा किया कि दस दिन के इस अभियान में 1 करोड़ सदस्यों को पार्टी से जोड़ा गया है। पार्टी के नेताओं ने यह संकेत दिये हैं कि कि आगामी नगर निकाय के चुनावों में वो अपने उम्मीदवारों को उतारने की तैयारी में है। इससे साफ जाहिर है कि दिल्ली में तीसरी बार सरकार बनने के बाद पार्टी के हौसले काफी बुलंद हैं। 20 प्रदेशों में होने वाले नगर निकाय के चुनावों में वो कांग्रेस, बसपा, सपा और भाजपा को कड़ी टक्कर देने जा रही है।
पार्टी के दिग्गज नेता दुर्गेश पाठक का माना कि 2012 में आम आदमी पार्टी का गठन हुआ था। पहली बार 2013 में आप की सरकार बनी। लेकिन 49 दिनों में ही पार्टी ने सरकार से इस्तीफा दे दिया था। इसके इसके बाद पार्टी ने 2014 में लोकसभा चुनाव में 400 सीटों पर अपने उम्मीदवार उतारे थे। पंजाब को छोड़ सभी जगहों पर करारी हार हुई पंजाब से केवल चार सदस्य ही सांसद बन सके। इससे पार्टी ने सीख ली। 2015 में उन्हें दिल्ली विधानसभा चुनाव में ऐतिहासिक जीत हासिल की। 70 में 67 सीटें जीत कर आप ने कांग्रेस और बीजेपी की नींद उड़ा दी।
पार्टी नेता पाठक ने कहा कि अन्य प्रदेशों में होने वाले नगर निगम चुनावों में भाग लेने से पहले वो वहां अपना संगठन खड़ा करने का प्रयास करेगी। ताकि वहां नेतृत्व का अभाव नहीं रहे। स्थानीय नेतृत्व के दम पर ही निकाय का चुनाव लड़ा जायेगा। दिल्ली से अन्य प्रदेशों में चुनाव प्रचार के लिये नेताओं को नहीं भेजा जायेगा।








